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भारत ने महिला जूनियर हॉकी विश्वकप में जीता पहला पदक

 सोमवार, 5 अगस्त, 2013 को 07:12 IST तक के समाचार

भारतीय जूनियर महिला हॉकी टीम ने इंग्लैंड को पेनल्टी शूट आउट में 3-2 के हराकर पहली बार विश्वकप में कांस्य पदक जीतने की उपलब्धि हासिल की है.

जर्मनी के मोंशेंग्लाबाख़ में रविवार को खेले गए कांस्य पदक मुकाबले में दोनों टीमें निर्धारित समय तक 1-1 से बराबरी पर थी जिसके बाद मैच का फ़ैसला पेनल्टी शूट आउट से हुआ.

क्लिक करें भारत की तरफ से 18 साल की रानी ने पेनल्टी पर पहला शॉट लिया और इसे गोल में तब्दील कर दिया लेकिन नवनीत कौर अपना शॉट चूक गई.

रानी दूसरी पेनल्टी को भी गोल में बदलने में कामयाब रहीं लेकिन दोनों बार क्लिक करें इंग्लैंड की एमिली डेफ्रोएंड ने अपनी टीम को बराबरी दिला दी.

ऐतिहासिक जीत

नवनीत ने फिर भारत को 3-2 से आगे किया और एन्ना टोमैन का शॉट मिस होते ही भारत ने ऐतिहासिक जीत हासिल कर ली.

इससे पहले निर्धारित समय में रानी ने 13वें मिनट में शानदार गोल करके भारत को बढ़त दिलाई. भारतीय टीम आधे समय तक अपनी इस बढ़त को बरकरार रखने में सफल रहीं.

लेकिन दूसरे हाफ में 55वें मिनट में एन्ना टोमैन ने गोल करके अपनी टीम को बराबरी पर ला दिया.

इसके बाद दोनों टीमों ने गोल करने का भरसक प्रयास किया लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली और मैच पेनल्टी शूट आउट में खिंच गया. शूट आउट में 14 में से पांच शॉट ही अपना लक्ष्य भेद पाए.

शूट आउट में भारत की तरफ से रानी ने दो और नवनीत कौर ने एक गोल किया जबकि क्लिक करें इंग्लैंड के दोनों गोल डेफ्रोएंड ने किए.

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