BBC navigation

भारत ने मैच जीता, पाकिस्तान ने सिरीज़

 रविवार, 6 जनवरी, 2013 को 20:05 IST तक के समाचार
महेंद्र सिंह धोनी

लगभग 30 साल पहले यानी 1983 में भारत को पहला विश्व कप दिलाने वाले कपिल देव को रविवार को फिरोज़ शाह कोटला मैदान के कमेंटेटर बॉक्स के बाहर सुनील गावस्कर और रवि शास्त्री सहित कई पूर्व क्रिकेटर बधाई दे रहे थे.

मौका था उनके 53वें जन्मदिन का. लेकिन जो बधाइयां उन्हें मैच के बाद भारत के जीतने पर मिलीं, उनसे कपिल की खुशी दोगुनी हो गई होगी.

एक बेहद ही रोमांचक मुकाबले में भारत ने पाकिस्तान को 10 रन से हराकर कुछ लाज बचा ली. इससे पहले भारत श्रृंखला के दोनों मैच हार कर सीरिज़ गंवा चुका था.

उत्साह

दिल्ली में भारत और पाकिस्तान का मैच होना क्रिकेट प्रेमियों के लिए एक बहुत मौका था. दर्शकों में काफी उत्साह था और दिन रात के इस मुकाबले के लिए तड़के से ही मैदान के बाहर भीड़ जुटनी शुरु हो गई थी.

लेकिन अभी पाकिस्तान की आधी पारी भी समाप्त नहीं हुई थी कि कई स्टैंड खाली नज़र आ रहे थे. लेकिन जो अंत तक रुके, उन्हें अपने फैसले पर पछताना नहीं पड़ा, क्योंकि यह भले ही कम स्कोर का मैच था लेकिन बेहद रोमांचक था.

शायद कड़ाके की ठंड में लोग चौकों-छक्कों वाला बडे स्कोर का रोमांचक मैच देखने आए थे. दिखने में तो पाकिस्तान के लिए केवल 168 रन का लक्ष्य था. लेकिन पूरी टीम 48.5 ओवर में केवल 157 रन पर आउट हो गई.

टारगेट छोटा था जिसका मतलब यह था कि भारत के लिए पाकिस्तान को आल आउट करना ज़रूरी था.

एक-आध कैच को छोड़कर भारत की फील्डिंग बहुत बेहतरीन रही. सभी गेंदबाज़ों ने भी शानदार प्रदर्शन किया.

बेहतरीन गेंदबाज़ी

मोहम्मद इरफान

पाकिस्तान के लिए मोहम्मद इरफान ने दो विकेट चटकाए

भुवनेश्वर कुमार पहले ही दिखा चुके हैं कि वो दोनो तरफ गेंद स्विंग कराने की क्षमता रखते हैं. इस बार भी मददगार पिच और हालात में उन्होंने भारत को शानदार शुरुआत दी.

पहले कामरान अकमल को शून्य पर और फिर यूनुस खान को छह रन पर रवाना कर दिया.

दूसरी ओर अपना पहला मैच खेल रहे शम्मी अहमद भी उनका बखूबी साथ निभा रहे थे. अपनी पहले स्पेल के पांच ओवरों में उन्होंने केवल 12 रन दिए थे.

बेहतरीन फार्म में चल रहे नासिर जमशेद का विकेट भारत के लिए अहम था. 34 के निजी स्कोर पर उन्हें अश्विन ने आउट किया.

इसके बाद कप्तान मिसबाह उल हक और उमर अकमल ने सावधानी से खेलते हुए स्कोर को 114 पर पहुंचा दिया. लेकिन 39 के स्कोर पर मिसबाह अश्विन की गेंद पर लेग स्लिप पर कैच दे बैठे.

फिर खेलने आए शोएब मलिक जो केवल पांच रन बनाकर इशांत की गेंद पर पगबाधा आउट हो गए.

इसके बाद विकेटों के गिरने का सिलसिला जारी रहा जबकि रन बहुत धीमी गति से बन रहे थे. पहले अजमल और फिर जुनेद, हफीज का साथ छोड़ गए.

अकेले हफीज़ के लिए रन बनाने आसान नहीं थे. फिर भी वे डटे रहे और जब पाकिस्तान को आठ गेंदों में 11 रन चाहिए थे तो वे इशांत की गेंद पर युवराज को कैच थमा बैठे. इशांत ने सबसे अधिक तीन विकेट लिए.

इससे पहले भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाज़ी का फैसला किया. सहवाग की जगह टीमं में अजिंक्या रहाणे को शामिल किया गया और अशोक डिंडा के स्थान पर शम्मी को लिया गया.

लेकिन इस बार भी वही हुआ जो श्रृंखला में होता आया है.

पहले रहाणे और फिर गौतम गंभीर दोनों को मोहम्मद इरफान ने सस्ते में ही निपटा दिया. नौंवे ओवर में भारत का स्कोर केवल 29 रन था और दोनों ओपनर वापस पैवेलियन में लौट चुके थे.

स्थानीय खिलाडी विराट कोहली का दर्शकों ने शानदार स्वागत किया लेकिन वो केवल सात रन ही बना पाए और जुनेद खान का शिकार हुए.

युवराज सिंह आक्रामक मूड में थे और उमर गुल के एक ओवर में सुरेश रैना और युवराज ने 18 रन भी जोड़े. लगा अब पारी संभल जाएगी लेकिन मोहम्मद हफीज़ की एक गेंद युवराज को छका गई और वो मात्र 23 रन बनाकर बोल्ड हो गए.

रैना अच्छा खेल रहे थे जबकि धोनी दूसरे छोर पर संभलते हुए खेल रहे थे. फिर अचानक धोनी ने अपना गियर बदला और हफीज़ की दो गेंदों पर दो छक्के जमा दिए.

लेकिन इसके अगले ही ओवर में भारत को लगातार दो झटके मिलने वाले थे. 31 रन के निजी स्कोर पर रैना सईद अजमल की गेंद पर एलबीडब्ल्यू आउट हो गए. इससे अगली ही गेंद पर आर अश्विन भी चलते बने.

इस बार फिर अश्विन रविंद्र जडेजा से पहले खेलने आए थे.

धोनी मैन ऑफ द मैच

श्रृंखला में अच्छी बल्लेबाज़ी करने वाले कप्तान धोनी बढिया खेल रहे थे. लेकिन 36 के स्कोर पर उन्हें उमर गुल ने उमर अकमल द्वारा कैच करा दिया.

इस विकेट के गिरते ही साफ था कि अब भारत की पारी का अंत नज़दीक है. जडेजा कुछ अच्छा खेले लेकिन दूसरी ओर विकेटों का गिरना जारी रहा और 167 के कुल स्कोर पर 27 रन बनाकर जडेजा आउट होने वाले अंतिम खिलाड़ी बने.

पाकिस्तान की ओर से इरफान और जुनैद ने दमदार गेंदबाज़ी की लेकिन सबसे अधिक कहर ढाया पांच विकेट लेने वाले अजमल ने.

धोनी को मैन ऑफ द मैच जबकि जमशेद को मैन ऑफ द सीरिज़ चुना गया.

इसे भी पढ़ें

टॉपिक

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.