
मैनचेस्टर सिटी के सामने खिताब को बचाने की चुनौती.
लंदन में शानदार ओलंपिक आयोजन के बाद अब बारी फुटबॉल के बुखार की है. शनिवार से इंग्लिश प्रीमियर लीग शुरू हो रहा है.
ऐसे में सबकी जुबान पर यही सवाल है कि क्या मैनचेस्टर सिटी अपना खिताब बचा पाएगा जो उसने पिछले सीजन के फाइनल मुकाबले में बड़े ही नाटकीय तरीके से मैनचेस्टर यूनाइटेड को हरा कर हासिल किया था. या फिर मैनचेस्टर यूनाइटेड घायल शेर की तरह खिताब को अपने नाम करेगा.
या फिर भारी भरकम खर्चा करने वाला क्लब चेल्सी खिताब पर अपनी दावेदारी ठोकेगा या फिर कोई और विजेता उभरेगा. बहरहाल जानते हैं उन क्लबों के बारे में जिन पर ईपीएल के इस सीजन में सबकी नजरें रहेंगी.
मैनचेस्टर सिटी
प्रीमियर लीग के पिछले सीजन में मैनचेस्टर सिटी ने उस वक्त खिताबी मुकाबले में अपना लोहा मनवा लिया जब सरजियो एगुएरो के दम पर उसने मैनचेस्टर यूनाइटेड को पछाड़ दिया. और इस तरह सीजन की आखिरी किक के साथ मैनचेस्टर सिटी क्लब ईपीएल का सरताज बना.
बेशक इस बार उसके सामने अपना खिताब बचाने की चुनौती होगी. हालांकि जैक रॉडवैल से क्लब के मिडफील्ड को मजबूती मिलेगी.
वैसे मैनचेस्टर सिटी के पास इस वक्त बेहतरीन टीम है जिसके सहारे वे फिर से चैंपियन बनने का सपना देख सकते हैं.
मैनचेस्टर यूनाइटेड
मैनचेस्टर यूनाइटेड की टीम को देख कर ये नहीं कहा जा सकता है कि ये क्लब की बेहतरीन टीमों मे से एक है. लेकिन इस टीम को खारिज करने वालों के ये नहीं भूलना चाहिए कि वो पिछली बार सीजन खत्म होने से चंद लम्हों पहले ही अपना बीसवां ईपीए खिताब जीतने से चूके गए थे.

मैनचेस्टर यूनाइटेड अब तक 19 बार ईपीएल खिताब जीत चुका है.
शिंजी कागावा टीम के मिडफील्ड को मजबूत करेंगे जबकि गोलकीपर डेविड दे गेआ और फिल जोन्स जैसे युवा खिलाड़ी इस सीजन में टीम के काम आ सकते हैं. हालांकि टीम के केंद्रीय मिडफील्ड की गुणवत्ता को लेकर सवाल बराबर बने हुए हैं.
पिछली बार दूसरे पायदान पर रही मैनचेस्टर यूनाइटेड के बारे में पक्के तौर पर ये कहना मुश्किल है कि वो खिताब अपने नाम करेंगे, लकिन कड़े मुकाबला की उम्मीद तो की जा सकती है.
आर्सेनल
पिछले सीजन में सबसे ज्यादा गोल करने वाले रोबिन फान परसी के मैनचेस्टर यूनाइटेड में चले जाने के बावजूद आर्सेनल के लिए कुछ उम्मीद अभी बाकी हैं. ओलिवियर और लुकास पोदोलस्की के आने से टीम को मजबूती मिलेगी.
पिछले सीजन में चौथे स्थान पर रही आर्सेनल ने आखिरी बार 2004 में ईपीएल खिताब जीता था. फुटबॉल के पंडित उसे खिताब के दावेदारों में भले शामिल न करे लेकिन किसी भी टीम को तगड़ी टक्कर देने का उसमें पूरा दमखम है.
चेल्सी
जर्मन क्लब बेर्डर ब्रेमन से मार्को मरीने के चेल्सी में आने की पुष्टि तो पिछले सीजन में ही हो गई थी, लेकिन टीम में जो दूसरे बड़े नाम शामिल हुए हैं उनमें फ्रांसीसी फुटबॉल संघ लिले से एडेन हाजार्ड और ब्राजील के ऑस्कर हैं.
पिछली सीजन में तीसरे पायदान पर रहने वाली चेल्सी की टीम के मालिक रूसी उद्योगपति रोमन अब्रोमोविच हैं और जाहिर है कि वो खिताब की उम्मीद करेंगे.
खिताब मिलेगा या नहीं, ये तो पक्का नहीं है लेकिन नीली जर्सी में खेलने वाली इस टीम में काफी अनुभवी खिलाड़ी है जो किसी भी मुकालबे को दिलचस्प बना सकते हैं.










