वे डॉक्टर जिन्होंने दुनिया की जान बचाई

  • 18 अगस्त 2013
सार्स

दस साल पहले दुनिया भर में सार्स नाम की एक रहस्यमय बीमारी का डर फैला हुआ था.

इसके विषाणुओं से सैकड़ों लोग मारे गए थे और हज़ारों अन्य संक्रमित हो गए थे.

लेकिन इसका असर और घातक हो सकता था अगर कुछ डॉक्टर और नर्स ख़तरे की परवाह किए बिना दुनिया को इससे आगाह नहीं करते.

डॉक्टर उर्बानी

वियतनाम के हनोई के एक फ्रांसीसी अस्पताल में फ़रवरी, 2003 में एक चीनी-अमरीकी जॉनी चेन दाख़िल हुए. ऐसा लग रहा था कि उन्हें गंभीर फ़्लू है.

डॉक्टर ऑलिविर कैटिन तब उसी अस्पताल में थे.

वह बताते हैं कि कुछ ही दिन में चेन की देखभाल करने वाले स्टाफ़ समेत अस्पताल में 40 लोग बीमार पड़ गए. इनमें से सात की मौत हो गई.

जल्द ही एक्सरे रिपोर्ट्स से यह साफ़ हो गया कि सभी बीमारों की स्थिति चेन जैसी ही थी.

चेन की देखरेख करने वाले सभी कर्मचारी इस बीमारी से मारे गए थे इसलिए डॉक्टरों, नर्सों और अस्पताल के बाकी स्टाफ़ में दहशत फैल गई. डॉक्टर और नर्स अपनी जान बचाकर भागने लगे.

हनोई के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ़ हाईजीन एंड एपिडेमियोलॉजी में वायरोलॉजी (विषाणुओं का अध्ययन) की प्रमुख डॉक्टर ली थी क्वैन मी उन लोगों में से थीं जो बीमारों के इलाज के लिए रुके रहे.

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) में संक्रमणकारी बीमारियों के विशेषज्ञ डॉक्टर कार्लो उर्बानी को भी एक अफ़सर की तरह ऑफ़िस में बैठना गवारा नहीं हुआ.

एक डॉक्टर होने के नाते उन्हें बीमारों की मदद करनी ही थी.

उर्बानी ने ख़ुद के लिए ख़तरा उठाते हुए मरीज़ों से नमूने लेकर उनका विश्लेषण किया.

वही पहले व्यक्ति थे जिन्होंने दुनिया को सार्स नाम की इस बीमारी के ख़तरे के बारे में बताया.

सार्स
चीनी अमरीकी नागरिक जॉनी चेन सार्स के पहले ज्ञात शिकार थे

फ़्रांसीसी अस्पताल में कई हफ़्ते तक अनथक काम करने के बाद उन्हें आराम करने की ज़रूरत पड़ी और तभी उन्हें पता चला कि वह भी सार्स के शिकार हो गए हैं.

उनके सबसे बड़े बेटे टोमासो उर्बानी उस समय 15 साल के थे.

वह कहते हैं, "मैं जानता था कि उनकी बीमारी बढ़ती जा रही है. लेकिन मेरा दिल कहता था कि वह ठीक हो जाएंगे क्योंकि वह मेरे पिता हैं."

लेकिन सार्स का शिकार होने के दो हफ़्ते बाद ही डॉक्टर उर्बानी की मृत्यु हो गई.

दस साल बाद टोमासो कहते हैं कि उन्हें अपने पिता पर गर्व है.

टोरंटो

हालांकि जॉनी चेन हनोई में बीमार पड़े थे और सार्स की कहानी यहीं शुरू हुई थी लेकिन यह सिर्फ़ शुरुआत थी.

एक अंतरराष्ट्रीय व्यापारी चेन वियतनाम आने से पहले हॉन्ग कॉन्ग में रुके थे. जल्द ही वहां सार्स का विस्फोट हो गया.

हॉन्ग कॉन्ग में प्रिंस ऑफ़ वेल्स मेडिकल फैकल्टी के प्रोफ़ेसर जोसफ़ सुंग कहते हैं, "एक ही कमरे में मेरे दो दर्जन सहयोगी बैठे हुए थे. सभी को तेज़ बुख़ार था और वह कांप रहे थे. कई खांस भी रहे थे. यह उस भयानक रात की शुरुआत थी."

सार्स
सार्स के संक्रमण से डॉक्टर और अस्पताल कर्मचारी भी आतंकित हो गए थे

सुंग ने अपनी टीम को दो दलों में बांट दिया था. एक जो अन्य मरीज़ों की देखरेख करता था और दूसरा जिसे वह "गंदा दल" कहते थे. वह उन मरीज़ों की देखरेख करता था जिसमें उन्हें ख़ुद संक्रमण का ख़तरा रहता था. मदद के लिए लोग ख़ुद आगे आते रहे.

सुंग कहते हैं, "हमें लगातार लोगों की ज़रूरत थी. राहत की बात यह थी कि मेडिकल डिपार्टमेंट, सर्जन, ऑर्थोपेडिक सर्जन, गाइनाकॉलोजिस्ट और तो और ऑप्थालमोलोजिस्ट भी मदद के लिए आते रहे."

लेकिन पूर्वी एशिया से आधी दुनिया दूर टोरंटो में जब सार्स का हमला हुआ तो वे पूरी तरह से अचंभित रह गए.

स्कारबोरो ग्रेस अस्पताल में एक अकेले मरीज़ ने सभी कर्मचारियों को संक्रमित कर दिया.

कई लोगों को टोरंटो के बाहरी इलाक़े में स्थिति टीबी अस्पताल में भर्ती करवाया गया.

अब भी कमज़ोरी

सार्स
सार्स पश्चिम में टोरंटो तक पहुंच गया था

हनोई और हॉन्ग कॉन्ग में अस्पतालों में दो तरह के लोग थे. एक तो वह जो जान बचाकर भाग गए और दूसरे वह जो दिन में काम पर आए और हफ़्तों तक घर नहीं गए.

टोरंटो के वेस्ट पार्क हेल्थकेयर सेंटर में श्वास संबंधी बीमारियों की विशेषज्ञ डॉक्टर मॉनिका एवेन्डानो ने अपने बच्चों को एक चिट्ठी लिखी, "मुझे संक्रमण हो सकता है और इससे मेरी मौत हो सकती है. मैं इसलिए रुकी क्योंकि मैं एक डॉक्टर हूं और बीमारों की देखरेख करना मेरा काम है."

टोरंटो में सार्स के सामने आने के शुरुआती वक़्त में एक मरीज़ से संक्रमित होने वाले लोगों में पैरामेडिकल स्टाफ़ के ब्रूस इंग्लैंड भी थे.

दस साल बाद भी उन्हें सांस लेने में दिक्क़त और कमज़ोरी महसूस होती है.

2003 की गर्मियों तक इंसान से इंसान में फैलने वाले इस चक्र को तोड़ा जा चुका था.

लेकिन जो हॉन्ग कॉन्ग, वियतनाम और टोरंटो में हुआ वह आसानी से लंदन, न्यूयॉर्क या किसी भी ऐसी जगह हो सकता था जहां जहाज़ से पहुंचा जा सकता है.

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