
अमरीकी राष्ट्रपति बराक ओबामा ने कहा है कि वो चाहते हैं कि ईरान को परमाणु हथियारों को बनाने से रोकने के लिए महीनों के बजाए कुछ ही हफ़्तों में नए प्रतिबंध लगाए जाएं.
फ्रांस के राष्ट्रपति निकोला सरकोज़ी के साथ बातचीत के बाद बराक ओबामा ने कहा कि अमरीका फ्रांस और दूसरे देशों के साथ ईरान के ख़िलाफ़ और कड़े प्रतिबंध लगाने पर बातचीत कर रहा है.
हमने क्या कहा था कि समय सीमा का ध्यान रखा जाए. साथ ही ये भी कहा था कि यदि इस साल के अंत तक कोई प्रगति नहीं दिखती है तो हम लोगों को प्रतिबंधों के रास्ते पर आगे बढ़ना होगा.
राष्ट्रपति बराक ओबामा
लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस बारे में सहमति नहीं बन सकी.
बराक ओबामा का कहना था,''हमने कहा था कि समय सीमा का ध्यान रखा जाए. साथ ही ये भी कहा था कि यदि इस साल के अंत तक कोई प्रगति नहीं दिखती है तो हम लोगों को प्रतिबंधों के रास्ते पर आगे बढ़ना होगा.''
अमरीकी राष्ट्रपति का कहना था,''मुझे उम्मीद थी कि ऐसा बसंत ऋतु तक हो जाएगा. इसलिए मैं बिल्कुल नहीं चाहता कि प्रतिबंधों के लिए कुछ महीनों का इंतज़ार किया जाए, मैं चाहता हूं कि ये काम हफ़्तों में ही हो जाना चाहिए.''
ग़ौरतलब है कि इसके पहले परमाणु मामलों पर निगरानी रखने वाले संयुक्त राष्ट्र संगठन आईएईए ने कहा था कि ईरान की गतिविधियों से लगता है कि वो शायद परमाणु हथियार बना रहा हो.
अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी का कहना था कि ईरान ने यूरेनियम संवर्धन का काम काफ़ी आगे बढ़ा लिया है.
हालांकि ईरान इस बात का खंडन करता रहा है कि वो परमाणु हथियार बनाने की कोशिश कर रहा है.














