
आईएईए की टीम ने कॉम में स्थित संयंत्र का दौरा किया है.
अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी के पर्यवेक्षकों ने ईरान के नए यूरेनियम संवर्धन संयंत्र का दौरा किया है.
ईरान के कॉम शहर के पास पहाड़ों की बीच बने इस संयंत्र के बारे में ईरान ने कुछ ही समय पहले जानकारी दी थी जिसके बाद ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर चिंताएं और गहरी हो गई थीं.
अगले दो दिनों में पर्यवेक्षकों की टीम एक बार फिर संयंत्र का दौरा कर सकती है. यह दौरा ऐसे समय में हुआ है जब अंतरराष्ट्रीय समुदाय परमाणु कार्यक्रम पर समझौते के मसौदे पर ईरान के जवाब का इंतज़ार कर रहा है.
इस समझौते के अनुसार ईरान को अपना संवर्धित यूरेनियम आईएईए के ज़रिए रुस को भेजना होगा जहां इससे इंधन तैयार किया जाएगा और फिर यह ईंधन परिशोधन के लिए फ्रांस भेजा जाएगा.
हालांकि ख़बरों के अनुसार ईरान में इस समझौते का विरोध बढ़ता जा रहा है.
ईरान ने अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों को अपने किसी यूरेनियम संवर्धन संयंत्र के परीक्षण की अनुमति पहली बार दी है जिसके तहत रविवार को पर्यवेक्षक कॉम के संयंत्र में गए थे.
ईरान और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के पाँच स्थायी सदस्यों और जर्मनी के बीच एक अक्तूबर को हुई बातचीत के दौरान ईरान कॉम संयंत्र को पर्यवेक्षकों को दिखाने पर राज़ी हुआ था.
बीबीसी के तेहरना संवाददाता जॉन लेन का कहना है कि ईरान ने पिछले महीने कॉम वाले संयंत्र के बारे में उस समय जानकारी दी जब उन्हें लगा कि पश्चिमी गुप्तचर संस्थाओं को इस संयंत्र के बारे में सूचना मिल चुकी है.
लेन के अनुसार परीक्षणों से पहले ईरान के पास इतना समय था कि वो संयंत्र से वो सारा सामान हटा लें जिस पर पर्यवेक्षक आपत्ति कर सकते थे.













