अफ़ग़ान सियासत के महिला चेहरे

1 अप्रैल 2014 अतिम अपडेट 08:40 IST पर

एक वक़्त था जब तालिबान के दौर में अफ़ग़ान महिलाओं का बुर्के से बाहर निकलना मुश्किल था लेकिन लोकतंत्र आने के हालात बदले और वो अब जीवन के हर क्षेत्र में अपना परचम लहरा रही हैं.
तूरपेकारी पटमन, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
जब अफ़ग़ानिस्तान में तालिबान की हुकूमत थी तो महिलाएं बहुत कम घरों से बाहर निकला करती थीं और जब भी वे घर की चारदीवारी से बाहर निकलती और उनका गुज़रना भीड़ भाड़ भरे बाज़ारों से होता था तो उन्हें ख़ुद को सिर से पांव तक बुर्के में रखना पड़ता था. तस्वीर में अफ़ग़ान सांसद तूरपेकारी पटमन.
शुक्रिया कैहन, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
हालांकि परंपरावादी देश अफ़ग़ानिस्तान में अब भी ज़्यादातर महिलाएं बुर्का पहनती हैं लेकिन वो संसद की उम्मीदवारी के लिए अपना दावा भी पेश कर सकती हैं. तस्वीर में अफ़ग़ान सांसद शुक्रिया कैहन.
सामिया अजीजी, अफगानिस्तान की महिला सांसद
तालिबान के दौर में अफ़ग़ानिस्तान की महिलाओं के लिए इसके बारे में सोचना तक मुश्किल था. तालिबान सरकार 90 के दशक के मध्य से लेकर 2001 तक रही. 2010 में जब पिछली बार अफ़ग़ान संसद के लिए चुनाव हुए थे तो संसद की 249 सीटों में से 69 सीटों पर मतदाताओं ने महिलाओं उम्मीदवारों पर भरोसा जताया था. तस्वीर में अफ़ग़ान सांसद सामिया अजीजी.
रहीमा जामीरी, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
अगले संसदीय चुनाव साल 2015 में होने हैं लेकिन इससे पहले पाँच अप्रैल को राष्ट्रपति और प्रांतीय परिषदों के लिए चुनाव होंगे. अफ़ग़ानिस्तान के क़ानून के मुताबिक़ प्रांतीय परिषदों में 20 फ़ीसदी सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं. राष्ट्रपति पद के लिए प्रचार अभियान में भी महिला उम्मीदवारों की बढ़ चढ़कर भागीदारी देखी जा सकती है. तस्वीर में अफ़ग़ान सांसद रहीमा जामीरी.
हमीदा अहमदज़ई, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
राष्ट्रपति पद के तीन प्रमुख उम्मीदवारों ने साहसिक घोषणा की है कि अगर वो जीते तो उपराष्ट्रपति पद पर महिला को निुयुक्त करेंगे. ऐसा कहने वालों में से एक उम्मीदवार ऐसा भी है जिसे राष्ट्रपति पद के लिए प्रबल दावेदार माना जा रहा है. ये तस्वीर है हमीदा अहमदज़ई की जो अफ़ग़ानिस्तान के तकहार सूबे से चुनी गई हैं. हमीदा अहमदज़ई ने बताया, "पिछले संसदीय चुनावों में मैं अपने सूबे में सबसे ज़्यादा मत पाने वाली उम्मीदवार थी."
हबीबा सादात, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
देश के तमाम हिस्सों से महिलाएँ संसद के लिए चुनी गई. दक्षिण और पश्चिम के उन इलाक़ों से भी महिलाएँ नुमाइंदगी कर रही हैं जहाँ तालिबान का ख़ासा असर माना जाता है. तस्वीर में अफ़ग़ान सांसद हबीबा सादात.
हबीबा दानिश, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
ये हैं अफ़ग़ान सांसद हबीबा दानिश.
फ़ातिमा अज़ीज़, अफ़ग़ानिस्तान की महिला सांसद
साइमा कहती हैं, "हमारे पास हमारे अधिकार हैं और अब हम खुलकर अपनी बात कह सकते हैं. संसद में मौजूद मर्द लोग भले ही हमेशा हमारी बात ध्यान से न सुनें लेकिन हम वो कह सकते हैं जो हम कहना चाहते हैं." तस्वीर में अफ़ग़ान सांसद फ़ातिमा अज़ीज़. (सभी तस्वीरें और कैप्शनः समाचार एजेंसी एपी)