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ऐसे तैयार होती हैं दार्जीलिंग चाय की पत्तियां

 बुधवार, 9 अक्तूबर, 2013 को 23:00 IST तक के समाचार
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    अगर आप चाय के शौक़ीन हैं तो दार्जीलिंग के चाय बागानों की चाय से बेहतर क्या हो सकता है. फ़ोटोग्राफ़र अरिंदम मुखर्जी दार्जीलिंग ने चाय बागान में ज़िंदगी को तस्वीरों मे क़ैद किया है. सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    दार्जीलिंग में हर साल दस हज़ार टन चाय का उत्पादन होता है और यहाँ क़रीब 45000 महिलाएँ काम करती हैं जो बागानों से चाय पत्तियाँ तोड़ती हैं.
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    दार्जीलिंग चाय को अकसर फ़ाइन वाइन ऑफ़ टी कहा जाता है यानि चाय में सबसे उत्तम क़िस्म. ये अपनी ख़ूबशू के लिए जानी जाती है और दुनिया भर में इसको लोग पसंद करते हैं
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    चाय पत्तियों को तोड़ने में काफ़ी मेहनत लगती है क्योंकि पौधे के केवल कोमल हिस्से को ही तोड़ना होता है. महिला मज़दूर सुबह सुबह ही पत्तियाँ तोड़ना शुरु कर देती हैं जब इन पर ओस गिरी रहती है.
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    चाय पत्तियाँ तोड़ने के काम में युवतियाँ और उम्रदराज़ महिलाएँ दोनों काम करती हैं.
  • दिन के अंत में पत्तियों को तौला जाता है और वज़न के मुताबिक़ मज़दूरों को पैसे दिए जाते हैं.
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    दार्जीलिंग में 87 चाय के इस्टेट हैं और ये सैकड़ों एकड़ में फैले हुए हैं
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    शैंपेन की तरहदार्जीलिंग को ज्योग्रेफ़िकल इंडिकेटर स्टेटस मिला हुआ है. दुनिया में कहीं और इसे उगाने या बनाने की इजाज़़त नहीं है.
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    यहाँ की चाय पत्तियों को प्रोसेस किया जाता है और फिर भारत और दुनिया भर में भेजा जाता है
  • चाय बागान की सभी तस्वीरें- अरिंदम मुखर्जी
    कुछ विशेष लोग यानी टेस्टर इस चाय का स्वाद पहले चखते हैं और फिर इसके ख़ास स्वाद और खूशबू के लिए सर्टिफ़ीकेट देते हैं.

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