बेल्जियमः शरण माँग रहे अफ़ग़ानों ने सड़क पर डेरा डाला

  • 23 दिसंबर 2013

बेल्जियम के मॉन्स नगर में शरण माँग रहे सैकड़ों अफ़ग़ान लोगों ने अपनी मांगें पूरी करवाने के लिए सड़क पर डेरा डाल दिया है.

ये शरणार्थी बेल्जियम के प्रधानमंत्री एलियो डि रूपो से मिलने की मांग कर रहे हैं.

प्रधानमंत्री डि रूपो मॉन्स के मेयर भी हैं और उन लोगों का कहना है कि जब तक उनकी मुलाकात प्रधानमंत्री से नहीं हो जाती वे वहाँ से नहीं हटेंगे.

ये लोग वहाँ रहने के अधिकार के लिए दबाव बना रहे हैं और साथ ही गारंटी चाहते हैं कि उनमें से किसी को भी बेल्जियम से निकाला नहीं जाएगा.

मॉन्स के एक अधिकारी के मुताबिक उन लोगों के इस मामले की तुरंत समीक्षा की जाएगी.

चर्च पर कब्जा

शुक्रवार को लगभग 350 शरणार्थियों ने ब्रसेल्स से मॉन्स तक एक मार्च निकाला था.

इससे पहले शरण माँग रहे इन लोगों ने ब्रसेल्स में अपनी माँगों की ओर ध्यान खींचने के लिए एक चर्च पर कब्जा कर लिया था. बेल्जियम के कैथोलिक चर्च के प्रमुख आर्चबिशप आंद्रे-जोसेफ लियोनार्ड भी उनकी माँगों का समर्थन कर चुके हैं.

इन प्रदर्शनकारियों के प्रवक्ता समीर हमराद ने स्थानीय रेडियो से कहा, ''हम सरकार को ये दिखाना चाहते हैं कि हमारा अफगानिस्तान वापस जाना आसान नहीं होगा. लोग वापस जाने से डरे हुए हैं.''

स्थानीय मीडिया में आई खबरों के मुताबिक मॉन्स के अधिकारी रविवार की शाम को एक 'आपातकालीन योजना' तैयार कर रहे थे.

शहर की प्रवक्ता जूलियट पिक्री ने बेल्जियम के अखबार ला लिब्रे को बताया, ''इन पुलिस और चिकित्सा सहायताकर्मियों को सतर्क रहने के लिए कहा गया है. हमारा ध्यान उन्हें खाना और कंबल उपलब्ध कराना है.''

डि रूपो फिलहाल बेल्जियम से बाहर हैं और सोमवार को बेल्जियम वापस लौट रहे हैं.

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