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ईरान के राष्ट्रपति चुनाव में रोहानी आगे

 शनिवार, 15 जून, 2013 को 14:57 IST तक के समाचार

ईरान में राष्ट्रपति चुनाव के शुरुआती नतीजों के अनुसार सुधारवादियों द्वारा समर्थित उम्मीदवार हसन रोहानी आगे चल रहे हैं.

सरकारी आंकड़ों के अनुसार 50 लाख मतपत्रों की गिनती के बाद उन्हें 51 प्रतिशत मत मिले हैं.

अब तक दूसरे स्थान तेहरान के मेयर मोहम्मद बाकर कलीबाफ हैं जिन्हें 17 प्रतिशत वोट मिले हैं.

अगर रोहानी यह बढ़त कायम रख पाते हैं तो वह दूसरे दौर के मतदान से बच सकते हैं.

आधी रात तक मतदान

क्लिक करें ईरान में शुक्रवार को क्लिक करें राष्ट्रपति चुनाव के लिए वोट डाले गए, जो अधिकारियों के अनुसार काफ़ी अच्छा रहा.

ज़्यादा से ज़्यादा लोगों को वोट देने के लिए मतदान का समय रात 11 बजे (भारतीय समयानुसार आधी रात) तक बढ़ा दिया गया था.

इस चुनाव में जीतने वाला उम्मीदवार क्लिक करें राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद का स्थान लेगा.

शनिवार को कई घंटे की देरी के बाद गृह मंत्रालय ने शुरुआती परिणाम घोषित करने शुरू कर दिए.

अभी तक यह साफ़ नहीं है कि अंतिम परिणाम कब तक घोषित किए जा सकेंगे.

हालांकि सभी छह उम्मीदवारों को रुढ़िवादी माना जाता है लेकिन विश्लेषकों का कहना है कि 64 वर्षीय धार्मिक नेता रोहानी “उदार” हैं. उन्होंने संसद में कई पद संभाले हैं. वो मुख्य परमाणु वार्ताकार के रूप में काम कर चुके हैं और हाल के दिनों में सुधारवादियों की ओर बढ़े हैं.

मंगलवार को एकमात्र सुधारवादी उम्मीदवार मोहम्मद रेज़ा आरेफ़ ने रोहानी के पक्ष में अपनी उम्मीदवारी वापस ले ली. इससे भी रोहानी को फायदा हुआ है.

पूर्व राष्ट्रपतियों का समर्थन

रेज़ा ने कहा था कि वह सुधारवाद के समर्थक पूर्व राष्ट्रपति मोहम्मद खातमी की सलाह पर चुनाव से हटे हैं.

इस तरह मतदान के दिन तक रोहानी को दो पूर्व राष्ट्रपतियों मोहम्मद खातमी और अकबर हाशमी रफ़संजानी का समर्थन प्राप्त हुआ.

हालांकि रोहानी को कट्टरपंथी उम्मीदवारों कलीबाफ़ और परमाणु वार्ताकार सई जलीली की ओर से तगड़ी चुनौती मिली. इनमें जलीली को ईरान के सर्वोच्च धार्मिक नेता अयातुल्लाह खुमैनी का करीबी कहा जाता है,

अन्य तीन उम्मीदवार हैं रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के पूर्व कमांडर मोहसिन रेज़ाई, पूर्व विदेश मंत्री अली अकबर वेलायती और पूर्व संचार मंत्री मोहम्मद ग़राज़ी.

मतदान पूरा होते ही सभी छह उम्मीदवारों ने एक संयुक्त बयान जारी कर अपने समर्थकों से आधिकारिक परिणाम आने तक शांति बनाए रखने को कहा है.

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