BBC navigation

तुर्की ने की सीरिया में गोलाबारी

 गुरुवार, 4 अक्तूबर, 2012 को 05:37 IST तक के समाचार
सीरिया और तुर्की में तनाव बढ़ा

तुर्की की सेना ने सीरिया में मौजूद ठिकानों को निशाना बनाया है. ये कार्रवाई सीरिया की तरफ से दक्षिणी तुर्की में की गई गोलाबारी के जबाव में की गई है जिसमें पांच लोग मारे गए.

बताया जाता है कि संभवतः सीरिया के सरकारी बलों की ओर से की गई गोलाबारी में तुर्की के अकाकाले शहर में मारे गए लोगों में एक महिला और उसके तीन बच्चे भी शामिल हैं.

ये पहला मौका है जब सीरिया में 18 महीनों से राष्ट्रपति बशर अल असद के खिलाफ जारी विद्रोह के बीच तुर्की ने वहां गोलाबारी की है.

बीबीसी संवादाता जिम म्यूर का कहना है कि ताजा झड़प के बाद सीरिया और तुर्की का तनाव एक नए स्तर तक पहुंच गया है.

नैटो की नजर

"नैटो अपने सदस्य तुर्की के साथ खड़ा है और मांग करता है कि उसके सहयोगी के खिलाफ इस तरह की आक्रामक कार्रवाई तुरंत रोकी जाए. साथ ही सीरियाई सरकार अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन करना बंद करे."

नैटो

ये पहला मौका है जब सीरिया की तरफ से होने वाली गोलाबारी में तुर्की के नागरिकों की जानें गई हैं. इसीलिए पहली बार तुर्की ने सीरिया के भीतर कार्रवाई की है.

इस बीच नैटो देशों के राजदूतों ने सीरिया और तुर्की के बीच बढ़ते तनाव पर चर्चा की है.

इस पश्चिमी सैन्य संगठन ने एक बयान जारी कहा कि वो “(नैटो सदस्य) तुर्की के साथ खड़ा है और मांग करता है कि उसके सहयोगी के खिलाफ इस तरह की आक्रामक कार्रवाई तुरंत रोकी जाए. साथ ही सीरियाई सरकार अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन करना बंद करे.”

राष्ट्रपति असद के खिलाफ विद्रोह शुरू होने के बाद सीरिया की ओर से कई बार तुर्की के सीमावर्ती इलाकों को निशाना बनाया गया है लेकिन बुधवार की घटना इनमें सबसे गंभीर रही.

सीरिया में विद्रोह

राष्ट्रपति बशर अल असद विद्रोहियों को पूरी ताकत से कुचल रहे हैं.

तुर्की के प्रधानमंत्री रचैप तैयप एर्दोआन के कार्यालय से जारी बयान में कहा गया है, “सीमावर्ती इलाकों में हमारे सशस्त्र बलों ने इस हमले का तुरंत नियमों के अनुसार जवाब दिया है.” सीरिया में रडार से ठिकानों की पहचान कर उन्हें तोपों से निशाना बनाया गया.

अहम की लड़ाई

बीबीसी संवाददाता जिम म्यूर का कहना है कि ये देखना महत्वपूर्ण होगा कि सीरिया तुर्की की इस कार्रवाई का क्या जवाब देता है. बेशक दोनों देशों के लिए ये तनाव अब अहम की लड़ाई बनता जा रहा है.

जून में सीरिया ने तुर्की के एक लड़ाकू विमान को मार गिराया था जिसमें दो तुर्क पायलटों की मौत हो गई थी. चौतरफा कड़ी निंदा के बावजूद सीरिया ने इस मुद्दे पर माफी नहीं मांगी थी.

वहीं सीरिया ने कहा है कि वो इस बात का पता लगा रहा है कि सीमापार तुर्की के अकाकाले शहर में हुई गोलाबारी कहां से हुई.

इस घटना के बाद तुर्की के विदेश मंत्री अहमद दावादोग्लु ने संयुक्त राष्ट्र के महासचिव बान की मून, सीरिया पर संयुक्त राष्ट्र के विशेष दूत लख्दर ब्राहिमी और नैटो के महासचिव अंदर्स फो रासमुसेन से संपर्क किया है.

बान ने जहां सीरिया से पड़ोसी देशों की संप्रभुता का सम्मान करने को कहा है, वहीं रासमुसेन ने सीरियाई हमले की निंदा करते हुए तुर्की का साथ देने की साथ देने की बात कही है. हालांकि उन्होंने सीरिया में किसी भी हस्तक्षेप के इरादे से इनकार किया.

सीरिया में धमाके

सीरिया में तबाही

बीते डेढ़ साल से सीरिया में जारी विद्रोह से भारी तबाही हुई है.

दूसरी तरफ सीरिया के दूसरे बड़े शहर एलप्पो में हुए पांच धमाकों में कम से कम 33 लोग मारे गए हैं और कई अन्य घायल हो गए हैं.

चार धमाके एलप्पो शहर के प्रमुख चौक सादल्ला अल-जाबरी में हुए हैं. ये जगह सेना के अधिकारियों के क्लब के नज़दीक स्थित है.

सरकार समर्थित अल-इख़बरिया टीवी चैनल पर इमारतों से मृतकों को निकाले जाने की तस्वीरें दिखाई जा रही हैं.

धमाकों के कारण सड़क पर गहरे गड्डे बन गए हैं. एलप्पो शहर पर कब्ज़े के लिए सरकार और विद्रोही लड़ाकों के बीच कई हफ़्तों से भीषण जंग छिड़ी हुई है.

धमाके इतने ज़बरदस्त थे कि कुछ इमारतों के परखच्चे उड़ गए हैं और कई पूरी तरह ध्वस्त हो गई हैं.

इसे भी पढ़ें

BBC © 2014 बाहरी वेबसाइटों की विषय सामग्री के लिए बीबीसी ज़िम्मेदार नहीं है.

यदि आप अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करते हुए इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरूप कर लें तो आप इस पेज को ठीक तरह से देख सकेंगे. अपने मौजूदा ब्राउज़र की मदद से यदि आप इस पेज की सामग्री देख भी पा रहे हैं तो भी इस पेज को पूरा नहीं देख सकेंगे. कृपया अपने वेब ब्राउज़र को अपडेट करने या फिर संभव हो तो इसे स्टाइल शीट (सीएसएस) के अनुरुप बनाने पर विचार करें.