चीन के अधिकारी आधुनिक चीन के संस्थापक माओ त्से दोंग के गीतों के संकलन को नए अंदाज़ में जारी किया है.
इन गीतों को युवाओं ने अपनी आवाज़ दी है और इन्हें माओ की 110 वें जन्मदिन के अवसर पर जारी किया जाएगा.
सरकार अख़बार बीजिंग टाइम्स का कहना है कि इसका उद्देश्य माओ की विरासत को युवाओं तक पहुँचाना है.
उस एलबम में प्रसिद्ध गाना 'द ईस्ट इज़ रेड' भी शामिल है.
अख़बार का कहना है कि 'ए रेड सन' यानी एक लाल सूरज थीम पर अनेक गाने बने थे.
इस साल चाइना रिकॉर्ड कंपनी 'माओ त्से दोंग ऐंड अस' यानी माओ त्से दोंग और हम को अंतिम रूप दिया है.
धूमधाम
चीन उनके जन्म दिवस समारोह को कई तरीकों से मना रहा है.
इसमें उन पर दो फ़िल्में तैयार की जा रही हैं, डाक-टिकट जारी किया जा रहा है और कई क़िताबें छापी जा रही हैं.
इसमें उनके पोते की लिखी क़िताब भी शामिल है.
माओ ने 1949 से 1976 में अपनी मृत्यु तक चीन की सत्ता संभाली थी.
वे आधुनिक चीन के संस्थापक और बीसवी सदी के सबसे प्रभावशाली चिंतकों में से एक माने जाते हैं.
बीबीसी संवाददाता का कहना है कि आज भी चीन के कई हिस्सों में उन्हें भगवान की तरह का दर्जा हासिल है.
प्रेक्षक भी मानते हैं कि चाहे माओ ने गंभीर ग़लतियाँ की हों पर आधुनिक चीन के निर्माण में उनका भारी योगदान रहा है.