नाच-गाना ही हमारी ताकत: जावेद अख्तर

 गुरुवार, 16 अगस्त, 2012 को 13:15 IST तक के समाचार
राउडी राठौर

अक्सर बहस होती रहती है कि भारतीय सिनेमा को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने के लिए किस तरह के उपाय करने चाहिए.

कई लोगों का मानना है कि भारतीय फिल्मों में नाच, गाना होता है, जो विदेशी लोगों को आकृष्ट नहीं कर पाता. यही वजह है कि भारतीय फिल्में विदेशों में ज्यादा लोकप्रिय नहीं हो पातीं. लेकिन गीतकार जावेद अख्तर इससे बिलकुल अलग राय रखते हैं.

बीबीसी एशियन नेटवर्क से खास बात करते हुए जावेद अख्तर ने कहा कि नाच-गाना ही तो हिंदुस्तानी फिल्मों की मुख्य ताकत है.

भारतीय सिनेमा 100 साल पूरे कर रहा है. जावेद के शब्दों में, "नाच-गाना हमारी फिल्मों का ही नहीं भारतीय संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है. हमें इससे मुंह नहीं मोड़ना चाहिए."

"नाच-गाना हमारी फिल्मों का ही नहीं भारतीय संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है. परंपरागत तौर पर ड्रामा और मेलोड्रामा हमारी कहानियों का हिस्सा रहा है. हम आज हॉलीवुड के सामने अगर डटकर खड़े हुए हैं, तो इसी वजह से ऐसा है. वरना हॉलीवुड ने तो कई देशों के फिल्म उद्योग को खत्म ही कर दिया है."

जावेद अख्तर, गीतकार और कहानीकार

जावेद ने ये भी कहा कि भारतीय फिल्मों में शुरुआत से ही ड्रामा और मेलोड्रामा पर आधारित कहानियां बनती रही हैं. और ये भी भारतीय सिनेमा का आधार स्तंभ रहे हैं.

जावेद अख्तर कहते हैं, "आज हमारा सिनेमा 100 साल पूरे कर रहा है. परंपरागत तौर पर ड्रामा और मेलोड्रामा हमारी कहानियों का हिस्सा रहा है. हमारे कहानी कहने के इसी तरीके ने तो हमें बचाया हुआ है. हम आज हॉलीवुड के सामने अगर डटकर खड़े हुए हैं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हम मजबूती से आगे भी बढ़ रहे हैं, तो इसी वजह से ऐसा है. वरना हॉलीवुड ने तो कई देशों के फिल्म उद्योग को खत्म ही कर दिया है."

जावेद अख्तर साथ ही भारतीय फिल्ममेकर्स को आगाह भी करते हैं. वो कहते हैं, "आज हम अलग-अलग किस्म की फिल्में बना रहे हैं. भारतीय सिनेमा का बेहतरीन दौर चल रहा है, लेकिन साथ ही हमें हॉलीवुड या विदेशी फिल्मों की अंधी नकल करने से बचना चाहिए. वरना हम अपनी पहचान खो देंगे."

जावेद अख्तर और लेखक सलीम ने साथ मिलकर सलीम-जावेद की जोड़ी के तौर पर 70 और 80 के दशक में शोले, दीवार, डॉन, काला पत्थर और शक्ति जैसी यादगार फिल्में दीं. जिन्हें हिंदी सिनेमा के इतिहास में मील का पत्थर माना जाता है.

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