मैंने सरोज खान को गलत साबित किया: माधुरी दीक्षित

 मंगलवार, 29 मई, 2012 को 11:59 IST तक के समाचार
माधुरी दीक्षित

माधुरी जल्द ही डांस शो 'झलक दिखला जा' को जज करती दिखाई देंगी.

माधुरी दीक्षित का नाम अगर लिया जाए और अगर उनके गानों की बात हो तो शायद आपके ज़हन में भी सबसे पहले तेज़ाब फिल्म का गाना 'एक, दो, तीन...' ही आएगा. वैसे इस गाने से जुडी कई खास यादें है माधुरी दीक्षित के पास.

बीबीसी एशियन नेटवर्क से एक खास बातचीत के दौरान माधुरी दीक्षित ने कहा, ''एक, दो, तीन... की कोरिओग्राफर सरोज खान के साथ मैंने 'उत्तर-दक्षिण' और 'राम लखन' में काम किया था. सरोज जी को पता था कि भारतीय पारंपरिक डांस मैं अच्छा कर लेती हूं लेकिन वो कहती थी कि ये लड़की वेस्टर्न डांस नहीं कर सकती.''

तो भई 'एक दो तीन...' गाने में वेस्टर्न स्टाइल का बेहतरीन डांस कर कैसे गलत साबित किया माधुरी ने सरोज खान को?

इस सवाल का जवाब देते हुए माधुरी कहती हैं, ''गाने की शूटिंग से पहले हमने कई बार रिहर्सल की. यही वक़्त था जब मैंने सीखा कि 'बॉलीवुड डांसिंग स्टाइल' क्या होता है. मुझे लगता है मैंने 'एक, दो, तीन...' गाने में बढ़िया काम किया. लेकिन ये सरोज जी के बगैर संभव नहीं था.''

भई इस गाने से जुड़ी और भी कुछ बातें हैं जो माधुरी दीक्षित कुछ इस अंदाज़ में बयान कर रही हैं, वो कहती हैं, ''जब तेज़ाब रिलीज़ हुई उस वक़्त मैं भारत में नहीं थी. मैं अपनी बहन की शादी के लिए अमरीका गई हुई थी. मुझे बिलकुल अंदाज़ नहीं था कि 'एक दो तीन...' इतने बड़े पैमाने पर हिट हो गया है. मेरे सेक्रेट्री राकेश नाथ ने मुझे फ़ोन करके बताया कि फिल्म हिट हो गई है. मुझे यकीन नहीं हुआ. तेज़ाब मेरी पहली हिट फिल्म थी.''

माधुरी कहती हैं, ''जब मैं अमरीका से वापस लौटी तब तेज़ाब को रिलीज़ हुए करीब डेढ़ हफ्ता हो चुका था. मैं एअरपोर्ट से बाहर आकर अपनी कार में बैठी तो दो बच्चे मेरी तरफ देख कर एक दूसरे को कोहनी मार रहे थे. मुझे ये देख कर थोड़ा अजीब लगा, मुझे लगा शायद ये मुझे पहचान गए हैं. तभी उनमें से एक बच्चा बोला तुम वो ही हो ना जिसने 'एक दो तीन' में डांस किया है. उसने कहा कि क्या मैं उसे ऑटोग्राफ दे सकती हूं. मैंने ऑटोग्राफ दिया तो वो मेरी तरफ देख कर कहने लगा मोहिनी, मोहिनी...''.

"ज़िन्दगी में अनुशासन बहुत ज़रूरी है. आज भी मैं जब काम करती हूं तो अपना शत-प्रतिशत देना ही मेरा एक मात्र मकसद होता है. मैं चाहती हूं कि मैं सबसे अच्छा शॉट दूं."

माधुरी दीक्षित

माधुरी कहती हैं कि उस बच्चे को ऑटोग्राफ देने के बाद पहली बार उन्हें एहसास हुआ कि सफलता का स्वाद कैसा होता है. लोगों द्वारा पहचाना जाना कैसा होता है.

बीबीसी को दिए इस इंटरव्यू में माधुरी ने अपनी सफलता का राज़ भी बताया. वो कहती हैं, ''आपको अपने काम के प्रति इमानदार रहना चाहिए. अगर आप अपनी कला के प्रति सच्चे हैं तो कामयाबी आपसे ज्यादा दूर नहीं रह सकती. ज़िन्दगी में अनुशासन बहुत ज़रूरी है. आज भी मैं जब काम करती हूं तो अपना शत-प्रतिशत देना ही मेरा एक मात्र मकसद होता है. मैं चाहती हूं कि मैं सबसे अच्छा शॉट दूं.''

माधुरी दीक्षित के गानों पर तो दुनिया थिरकती है, लेकिन कोई ऐसा गाना जिस पर माधुरी डांस करना चाहती हों?

इस सवाल का जवाब देते हुए माधुरी कहती हैं, ''पाकीज़ा एक ऐसी फिल्म है जिसमें गाने कहानी का एक अहम् हिस्सा थे. मुझे इस फिल्म के सभी गाने बहुत पसंद हैं. और मौका मिलता तो मैं इन गानों पर ज़रूर नाचती.''

वैसे माधुरी की ये ख्वाहिश पूरी न सही लेकिन आधी तो पूरी हो गई है. आधी ऐसे कि टीवी डांस शो 'झलक दिखला जा' के एक प्रोमो के लिए माधुरी ने मीना कुमारी के अंदाज़ में पाकीज़ा के 'थाड़े रहियो...' गाने पर डांस किया है.

माधुरी दीक्षित इस डांस शो की जज हैं. शो जल्द ही शुरू हो रहा है.

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