'हां,मैं नहीं हूं वक़्त का पाबंद'

गोविंदा

गोविंदा 'नॉटी एट 40' के प्रमोशन पर काफ़ी देर से पहुंचे.

अभिनेता गोविंदा अक्सर अपनी फ़िल्मों के सेट पर, किसी इवेंट पर या अपनी फ़िल्म के प्रमोशन पर देर से आने के लिए जाने जाते हैं.

ऐसे ही जब वो अपनी अगली फ़िल्म नॉटी एट 40 के प्रमोशन पर देर से पहुंचे तो वहां पहले से मौजूद मीडिया ने उनसे इसकी वजह जाननी चाही और पूछा कि क्या ये पत्रकारों का अपमान नही है. तब गोविंदा ने कहा, "वक़्त का पाबंद होना अच्छी बात है. लेकिन मैं वक़्त का पाबंद नहीं हूं. इसकी वजह से किसी को अपमानित महसूस करने की ज़रूरत नहीं है."

गोविंदा के साथ ही फ़िल्म की अभिनेत्री नवोदित यूविका चौधरी भी मौजूद थीं. उन्होंने कहा, "हमने फ़िल्म की शूटिंग सिर्फ़ 16 दिनों में पूरी कर ली और उस दौरान गोविंदा एक बार भी सेट पर लेट नहीं आए. कई बार ज़बरदस्ती बात का बतंगड़ बना दिया जाता है."

वक़्त का पाबंद होना अच्छी बात है. लेकिन मैं वक़्त का पाबंद नहीं हूं. इसकी वजह से किसी को अपमानित महसूस करने की ज़रूरत नहीं है

गोविंदा

हालांकि यूविका जब गोविंदा की तरफ़ से सफ़ाई पेश कर रही थीं तभी गोविंदा ने उन्हें ऐसा करने से रोका लेकिन यूविका ने अपनी बात पूरी करके ही दम लिया.

गोविंदा कहते हैं कि उन्होंने अपने जीवन में किसी का बुरा नहीं किया और इसलिए उन्हें लोगों की बहुत दुआएं मिलीं, जिनकी वजह से वो 25 सालों से फ़िल्म इंडस्ट्री में टिके हुए हैं.

'नॉटी एट 40' के बारे में गोविंदा कहते हैं, "कुछ लोग प्यार के लिए तरसते रहते हैं और उन्हें प्यार नहीं मिल पाता और दूसरे लोग उनका मज़ाक उड़ाते हैं. ये फ़िल्म उसी बारे में है. इसमें हमने प्रवचन देने की कोशिश नहीं की है. काफ़ी कॉमेडी है फ़िल्म में."

फ़िल्म के निर्देशक जगमोहन मूंदड़ा हैं और इसमें शक्ति कपूर की भी अहम भूमिका है.

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